सोमवार, 14 दिसंबर 2009

मोहम्मद रफ़ी ने किशोर कुमार के लिये गाना गाया

जी हाँ, प्रख्यात गायक किशोर कुमार के लिये भी रफ़ी साहब ने गाने गाये हैं। किशोर कुमार एक अच्छे गायक और अभिनेता होने के साथ ही साथ निर्माता, निर्देशक और संगीतकार भी थे। अपने गाने स्वयं ही गाया करते थे वे। पर संगीतकार ओ.पी. नैयर रफ़ी साहब के की आवाज से इतने प्रभावित थे कि फिल्म रागिनी (1958) के शास्त्रीय संगीत पर आधारित गीत 'मन मोरा बावरा गाये.....' को किशोर कुमार के लिये रफ़ी साहब से ही गवाया था। सन् 1958 में ही फिल्म शरारत में भी मोहम्मद रफ़ी ने फिर से एक बार किशोर कुमार के लिये गाना गाया था। गीत के बोल हैं 'अजब है दास्ताँ तेरी ऐ जिंदगी.....'। और आखरी बार सन् 1964 में मोहम्मद रफ़ी ने फिल्म बाग़ी शहज़ादा में भी किशोर कुमार के लिये गाया था (इस बात का खेद है कि गीत के बोल मुझे याद नहीं है)।

महान गायक थे मोहम्मद रफ़ी साहब। बेहिसाब गाने गाये हैं उन्होंने। गायन के लिये 23 बार उन्हें फिल्म फेयर एवार्ड मिला था। उनके कंठस्वर से ही प्रेरणा पा कर ही सोनू निगम आज एक सफल गायक बन पाये हैं।

8 टिप्पणियाँ:

निर्मला कपिला 14 दिसंबर 2009 को 5:15 pm  

बहुत अच्छी जानकारी धन्यवाद्

aamin 14 दिसंबर 2009 को 5:40 pm  

अच्छी जानकारी दी आपने
थैंक्स

पी.सी.गोदियाल 14 दिसंबर 2009 को 6:00 pm  

यह जानकारी भी खूब रही ! शुक्रिया !

स्वच्छ संदेश: हिन्दोस्तान की आवाज़ 14 दिसंबर 2009 को 6:08 pm  

क्या खूब !!!

मैंने इसे यू ट्यूब पर आज से छह प्महिने पहले सुना और देखा था

सलीम खान

चंदन कुमार झा 14 दिसंबर 2009 को 7:43 pm  

बहुत अच्छी जानकारी ।

अजय कुमार झा 14 दिसंबर 2009 को 8:08 pm  

अरे हमें तो ये पहली बार ही पता चला ...कमाल की बात है

राजीव तनेजा 19 दिसंबर 2009 को 12:25 am  

बढिया जानकारी

डॉ टी एस दराल 20 दिसंबर 2009 को 8:51 am  

अच्छी जानकारी।